Jump to content
Kapil Jain446

उपशम क्षयोपशम मतिज्ञान श्रुतज्ञान शब्दों का क्या अर्थ  है 

Recommended Posts

उपशम क्षयोपशम मतिज्ञान श्रुतज्ञान शब्दों का क्या अर्थ  है 

Share this post


Link to post
Share on other sites

मतिज्ञान के विषयभूत पदार्थ से भिन्न पदार्थ का ज्ञान श्रुतज्ञान है।

मतिज्ञान—इंद्रिय और मन के द्वारा होने वाला ज्ञान मतिज्ञान है

Edited by Varsha Walali

Share this post


Link to post
Share on other sites

क्षयोपशम मतलब बढना ,प्रकट होना

उपशम मतलब दबा देना। जैसे पानी मे कीचड़ था उसमें फिटकरी डाल कर नीचे बैठा देना थोड़ी देर (अतंमुहुरत )के लिए

 

Share this post


Link to post
Share on other sites

मति ज्ञान।   हमें मन और इन्द्रियों की सहायता से जो ज्ञान होता है,उसे मतिज्ञान कहते हैं।

श्रुत ज्ञान  मन और इन्द्रियों के द्वारा जानी हुई वस्तु को औरअधिक विशेष रूप से जानना श्रुत ज्ञान कहते हैं।

उपशम   अशुभ भावों को/परिणामों को कुछ समय तक दबा कर शुभ भावों में परिणमन करना उपशम कहलाता है।लेकिन इसका अधिकतम समय अन्तर्मुहुर्त (४८ मिनट) होता है इसके पश्चात पुन: शुध्द से शुभ और शुभ से अशुभ में आना ही पडताहै।

क्षयोपशम   जब अधिकतम अशुभ परिणामों का पूणर्तया क्षय हो जाता है एवं छुटपुट अवशेष अशुभ परिणामों को दबाकर  शुभ भावों में परिणमन करने की स्थिति को क्षयोपशम कहते हैं।इसका अधिकतम समय ६६ सागर होताहै

यदि उक्त में आगमानुसार कोई त्रुटि हो तो कृपया त्रुटियों का निवारण करें ताकि में अपने के correct कर सकूँ।

जयजिनेंद्र

Edited by Pramod jain1954
  • Thanks 1

Share this post


Link to post
Share on other sites

×
×
  • Create New...